NARENDRA MODI का सड़क कनेक्टिविटी प्लान देहरादून से | विशेष

Narendra Modi 

नरेंद्र मोदी कल 14 अप्रैल 2026 को देहरादून दिल्ली के लिए बनाए गए एशिया के सबसे लंबे एलिवेटेड वाइल्डलाइफ कॉरिडोर के उद्घाटन समारोह में उपस्थित हुए देहरादून में इस कार्यक्रम के लिए खूब चहल कदमी रही एक लंबी रोड शो यात्रा भी उन्होंने की और मां डाट काली मंदिर में आशीर्वाद लिया। इस कॉरिडोर पर कुछ समय वे रुके भी शिवालिक के सुंदर पहाड़ियों का दृश्य भी देखते रहे। 

यह सड़क कनेक्टिविटी नरेंद्र मोदी के सड़क इंफ्रास्ट्रक्चर को लेकर बड़े विचार का हिस्सा है कनेक्टिविटी पर नरेंद्र मोदी सरकार में कार्यों की एक लंबी संख्या है बात सड़कों की हो फ्लाई ओवर की हो यह निर्माण कार्य खूब तीव्र गति से हुए हैं यह दिखता भी है की सड़कों का जाल केवल बढ़ा नहीं है बल्कि सरल भी हुआ है।।

यह सड़क कनेक्टिविटी को लेकर विचार उत्तराखंड और पश्चिमी उत्तर प्रदेश की कनेक्टिविटी से भी जुड़ा है भाषण नरेंद्र मोदी उत्तराखंड में जरूर दे रहे थे लेकिन उनके दृष्टि उत्तर प्रदेश को लेकर भी थी चुनावी दौर भी है।

उत्तराखंड में भी चुनाव हैं और अगले वर्ष उत्तर प्रदेश में भी चुनाव होने हैं बात नोएडा में इंटरनेशनल एयरपोर्ट के उद्घाटन की हो जिसकी खूब चर्चा हुई सेमीकंडक्टर यूनिट का शिलान्यास की बात हो जो एक विशेष उपलब्धि रही मेरठ में देश के सबसे तेज मेट्रो की बात खूब चर्चा की रही नमो भारत कॉरिडोर का उद्घाटन और दिल्ली देहरादून हाईवे इन सब योजनाओं ने विशेष चर्चा का स्थान हासिल किया है यह उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के मध्य सड़क कनेक्टिविटी और अन्य विभिन्न विषयों से जुड़ी है।

मेरठ को प्रयागराज से जोड़ने के लिए गंगा एक्सप्रेसवे बनाया गया पश्चिमी उत्तर प्रदेश में इन प्रयासों के चलते यह कहा जा सकता है कि नरेंद्र मोदी उसके विकास के लिए खूब दृष्टि बनाए हुए हैं इसी एक्सप्रेस वे से हरिद्वार को जोड़ने की योजना भी शुरू है मेरठ से नजीबाबाद और पौड़ी का हाईवे पहले से ही जुड़ा हुआ है और मेरठ रुड़की हरिद्वार जैसा हाईवे यह पूर्व से ही विद्यमान है मुरादाबाद और अलीगढ़ से भी उत्तराखंड की कनेक्टिविटी बेहतर हो गई है। आज भी उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के मध्य कई कार्यो के लिए सीधा संबंध है उत्तराखंड बनने से पूर्व उत्तर प्रदेश से ही सभी कार्यों का संचालन होता था।।

अब यूपी और उत्तराखंड के बीच मोहंड नदी पर बनी एशिया के सबसे लंबे 12 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड वन्य जीव कॉरिडोर का शिलान्यास किया गया नरेंद्र मोदी ने NHAI के इस कार्य की बहुत सराहना की संतोष इस बात का भी था की लगभग 69 हजार पेड़ों को काटने से बचाया जा चुका था इससे विकास की राह में विरासत और संस्कृति के साथ प्रकृति का संरक्षण हुआ इसका सुकून था।।

वन्यजीवों का आरक्षित क्षेत्र में सुचारू रूप से विचरण होता रहे इसे भी तय किया गया है जनमानस और वन्य जीव संघर्ष कम हो सके उसे रोका जा सके इसका भी ध्यान रखा गया है इस एलिवेटेड कॉरिडोर के लिए 11000 पेड़ों का कटान किया गया है किंतु यदि यह नहीं बनता तो यह 80 हजार पेड़ों के कटान की योजना होती इस सड़क कनेक्टिविटी के लिए।

राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण और भारतीय वन्यजीव संस्थान के संयुक्त प्रयास से यहां एक लैंडस्केप रिकनेक्टेड अध्ययन भी किया गया और उसमें पता चला की गणेशपुर देहरादून के मध्य 40 दिन में चले इस अध्ययन से 18 विशिष्ट प्रजातियां रही जो 40 हजार से अधिक वन्य जीवों की आवाजाही यहां पर रिकॉर्ड की गई। 10 मिनट मोदी रुके इस कार्य को सराहते रहे और वहां से लौटे तो भाषण में उस स्मृति को कुछ इस प्रकार से रखा की पेड़ पहाड़ और हरियाली सफाई चाहते हैं जो यहां रहने वाले लोगों और बाहर से आने वाले लोगों की जिम्मेदारी है। 

यह एलिवेटेड वाइल्डलाइफ कॉरिडोर राजाजी राष्ट्रीय उद्यान के शिवालिक वन विभाग की मोहंड रेंज का हिस्सा है और यह पूरा हिस्सा अपनी समृद्ध जैव विविधता के लिए जाना जाता है यहां एशियाई बाग, सांभर, भौंकने वाला हिरण, तेंदुए, जंगली सूअर लकड़बग्घा इत्यादि वन्य जीव पाए जाते हैं हाथियों का तो यह गढ़ माना जाता है साल खैर और शीशम के घने जंगल भी यहां है स्तनधारी और पक्षियों का यह विशेष आवास है जैव विविधता से परिपूर्ण क्षेत्र में एलिवेटेड कॉरिडोर का निर्माण एक बड़ा टास्क रहा है। जिसमें प्रकृति के संरक्षण के लिए विशेष प्रयास हुआ क्योंकि यह सीधे राजाजी नेशनल पार्क की वादियो से गुजरता है कॉरिडोर में डाउन और अप लेने हैं, दोनों और साउंड प्रूफ सीट लगी हुई है जो वन्यजीवों को वाहनों के शोर से बचाएंगे और उनके जीवन को यथावत बनाए रखेंगे।।

कुछ खास बातें:

  • इस कॉरिडोर मार्ग पर 6 एनिमल अंडरपास और दो हाथियों के लिए अंडरपास बनाए गए हैं सबसे लंबा अंडरपास जिसकी लंबाई लगभग 11 किलोमीटर के करीब है 
  • डाइटिंग के लिए 12 किलोमीटर में 10 केवी के तीन जनरेटर लगाए गए हैं 
  • एलिवेटेड कॉरिडोर पर मोबाइल नेटवर्क भी शुरू कर दिया क्या है।

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